आध्यात्मिक प्रत्यक्ष ज्ञान · ऐप में खोलें

प्रश्नोत्तर P7-0188 · भाग 7

आपका सत्संग सुनता हूं, तो आत्मज्ञान का अनुभव होने लगा है। आपके बताए अनुसार ध्यान में कुछ समय बैठने के बाद अलग-अलग क्रियाएं धीरे-धीरे खुलने लगती हैं। तब क्या करें? अगर बर्दाश्त नहीं हो रहा, तो?

जितना हो सके, आप अपने आप में बैठे आत्मिक चिंतन करें। अगर बर्दाश्त नहीं हो रहा है, तो खुजलाना ही पड़ेगा। क्या करोगे।

सत्संग वीडियो देखेंऐप में खोलें

वीडियो: रविवार प्रश्नोत्तरी 12 अप्रैल 2026, अपनों की कुटिया में सत्संग समझो #योगी · 2026-04-12