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प्रश्नोत्तर P4-0088 · भाग 4

(लाइव) प्रणाम गुरु जी। हर समय सचेत कैसे रहें?

हर समय सचेत रहने के लिए बस इतना समझना है कि मुझे आत्मिक कल्याण करना है। अब आत्मिक कल्याण के लिए मुझे ईमानदारी-सत्कर्म करना है। बस आत्मिक कल्याण का भाव बना रहेगा तो आप हर समय सचेत रहोगे कि मुझे ऐसा कोई काम नहीं करना है जिससे बंधन हो जाए — ऐसा कोई काम अब नहीं करना है। बस।

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वीडियो: 25 जनवरी 2026 रविवार प्रश्नोत्तरी#योगी · 2026-01-25