प्रश्नोत्तर P21-0106 · भाग 21
गुरु जी, कुटिया के निर्माण में मैं कुछ-कुछ करता रहता हूं, लेकिन सच कहूं तो थोड़ा शैडो में, छिपकर करना चाहता हूं — खुले में नहीं। क्या यह ठीक है?
जहां से भी करो, करने का परिणाम आएगा। आप किसी को दिखाकर बीज लगा रहे हो तो भी परिणाम वही आएगा, आप छिपकर लगाकर चले गए, किसी को नहीं पता, तो भी परिणाम वही आएगा। तो आप चाहे जैसे करो, लेकिन करो — करने से परिणाम आएगा।
सत्संग वीडियो देखेंऐप में खोलें
वीडियो: हरियाणा सोनीपत में पुनः सत्संग 19 जुलाई 2026 #याेगी · 2026-07-19