आध्यात्मिक प्रत्यक्ष ज्ञान · ऐप में खोलें

प्रश्नोत्तर P12-0095 · भाग 12

आपके द्वारा सत्संग सुनने के बाद क्या हम आपस में उस पर चर्चा कर सकते हैं?

हां, कर सकते हैं, लेकिन बस इतनी ईमानदारी रहे — जैसे अभी कुछ देर पहले मैंने सहेलियों की कहानी बताई, तो बताने से पहले रामकृष्ण परमहंस जी का नाम ले लिया। आप कहां से बोल रहे हो, यह बता दो; अगर यह नहीं बताओगे तो तुम फंस जाओगे। जिससे भी सुना, जिसने भी सुनाया, उसका नाम बता दो — कि भैया, मुंह मेरा है लेकिन ये शब्द मेरे नहीं हैं; मैंने इसे इस तरीके से समझा और आप तक पहुंचा रहा हूं। तब उसमें आपका अहम भाव नहीं आएगा, और इतनी ईमानदारी होगी तो आपका स्तर उठेगा। कहानी को अपना ही बनाकर पेश कर दोगे तो फंस जाओगे।

सत्संग वीडियो देखेंऐप में खोलें

वीडियो: रविवार प्रश्नोत्तरी 4 जनवरी 2026 #योगी · 2026-01-04